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विधवा महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की पहल, डेयरी से ब्यूटी पार्लर तक के लिए मिलेगा लोन

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चरखी दादरी
 प्रदेश सरकार द्वारा महिलाओं को सशक्त, स्वावलंबी व आत्मनिर्भर बनाने के लिए अनेक कल्याणकारी योजनाएं क्रियांवित की जा रही हैं।

विधवा अनुदान योजना के तहत राज्य की विधवा महिलाओं को बैंकों के माध्यम से स्वरोजगार के लिए तीन लाख रुपये तक ऋण उपलब्ध करवाया जा रहा है ताकि वे स्वावलंबी बनकर अपने परिवार का भरण-पोषण कर सकें।

उपायुक्त मनदीप कौर ने बताया कि इस योजना का लाभ तीन लाख रुपये तक वार्षिक आय वाली विधवा महिलाओं को प्रदान किया जाता है। इसकी पात्रता शर्तों में महिला की आयु 18 से 60 वर्ष के बीच, पूर्व के किसी ऋण मामले में डिफाल्टर न होना, हरियाणा का निवासी होना शामिल है।

योजना के तहत बैंक ऋण के ऊपर लगे ब्याज की प्रतिपूर्ति हरियाणा महिला विकास निगम द्वारा अनुदान के रूप में अदा कर की जाएगी, जिसकी अधिकतम सीमा 50 हजार रुपये व अवधि तीन वर्ष, जो भी पहले होगी।

योजना के तहत इन व्यवसायों के लिए मिल सकता है ऋण
योजना के तहत डेयरिंग, आटो रिक्शा, ई-रिक्शा, सामाजिक व व्यक्तिगत सेवा गतिविधियों के तहत सैलून, ब्यूटी पार्लर, टेलरिंग, बुटीक, पापड़ बनाना, आचार बनाना, हलवाई की दुकान, फूड स्टाल, आइसक्रीम बनाने की यूनिट, बिस्कुट बनाना, टिफिन सर्विस, स्कूल यूनिफार्म सीलना इत्यादि शामिल है।

इच्छुक महिलाएं आवेदन करने के लिए भिवानी स्थित महिला विकास निगम जिला प्रबंधक कार्यालय में संपर्क कर सकती हैं तथा किसी भी कार्य दिवस में सुबह 9 बजे से सायं 5 बजे तक संपर्क किया जा सकता है।

योजना का लाभ लेने के लिए निर्धारित दस्तावेज
उपायुक्त ने बताया कि विधवा अनुदान योजना का लाभ लेने के लिए आवेदक को निर्धारित दस्तावेज आवेदन के साथ जमा करवाने होंगे। इन दस्तावेजों में राशन कार्ड, परिवार पहचान पत्र, आधार कार्ड, पति का मृत्यु प्रमाण पत्र, पासपोर्ट आकार के फोटो, रिहायशी प्रमाण पत्र आदि शामिल है तथा आवेदक के पास उपरोक्त सभी दस्तावेजों की दो-दो कापी जमा करवाएं।

 

Aditya
Author: Aditya

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