रीवा। मध्य प्रदेश के रीवा हवाई अड्डे के विस्तार की दिशा में एक बार फिर तैयारियां तेज हो गई हैं। प्रस्तावित योजना के तहत एयरपोर्ट के रनवे की लंबाई मौजूदा 2100 मीटर से बढ़ाकर 2700 मीटर करने की तैयारी है। रनवे विस्तार के बाद भविष्य में बोइंग श्रेणी के बड़े विमानों के संचालन की संभावना भी बढ़ जाएगी, जिससे विंध्य क्षेत्र की हवाई सेवाओं को नई गति मिलने की उम्मीद है।

जानकारी के अनुसार, रनवे विस्तार परियोजना के लिए लगभग 140 एकड़ अतिरिक्त भूमि का अधिग्रहण किया जाएगा। इस महत्वाकांक्षी परियोजना पर करीब 400 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है। राज्य का विमानन विभाग विस्तृत परियोजना प्रस्ताव (डीपीआर) तैयार कर रहा है, जिसमें राजस्व विभाग का भी सहयोग लिया जा रहा है।
प्रस्ताव तैयार होने के बाद इसे मध्य प्रदेश मंत्रिमंडल (कैबिनेट) की मंजूरी के लिए भेजा जाएगा। कैबिनेट से स्वीकृति मिलने के बाद भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू होगी। राज्य सरकार ने इस प्रक्रिया को दिसंबर तक पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित किया है, ताकि निर्माण कार्य समय पर शुरू कराया जा सके।
वर्तमान में रीवा एयरपोर्ट का संचालन एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया (AAI) के अधीन है। भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया पूरी होने के बाद रनवे विस्तार का निर्माण कार्य भी एएआई के माध्यम से कराया जाएगा।
विशेषज्ञों का मानना है कि रनवे विस्तार के बाद रीवा एयरपोर्ट की क्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि होगी। इससे विंध्य क्षेत्र की देश के प्रमुख शहरों से हवाई कनेक्टिविटी बेहतर होगी, पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा, उद्योग एवं व्यापार को नई संभावनाएं मिलेंगी और क्षेत्र में निवेश के अवसर भी बढ़ेंगे। यह परियोजना विंध्य के समग्र आर्थिक विकास के लिए महत्वपूर्ण साबित हो सकती है।









