Edition

Title 2: Chandigarh News: सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर वेंडिंग जोन की तैयारी, सुझाव-आपत्तियों के आधार पर होंगे बदलाव

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

चंडीगढ़.

सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर शहर में नए वेंडिंग जोन बनने हैं। प्रस्तावित 12 नए वेंडिंग जोन के गठन को लेकर शुक्रवार को होने वाली टाउन वेंडिंग कमेटी (टीवीसी) की बैठक अहम रहने वाली है। वीरवार को सुझाव और आपत्तियां देने का अंतिम दिन है।

व्यापारियों, रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (आरडब्ल्यूए) और कई लोगों ने व्यक्तिगत स्तर पर भी नगर निगम की वेंडिंग सेल को अपने सुझाव और आपत्तियां भेजी हैं। अब शुक्रवार को होने वाली टीवीसी की बैठक में इन सभी सुझावों और आपत्तियों पर चर्चा के बाद प्रस्तावित वेंडिंग जोन पर अंतिम फैसला लिया जाएगा। जरूरत पड़ने पर कुछ साइटों में बदलाव भी किया जा सकता है। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद एसेंशियल सर्विस प्रोवाइडर की श्रेणी से बाहर हुए वेंडरों को उनके मौजूदा स्थानों से हटाकर निर्धारित वेंडिंग जोन में शिफ्ट किया जाना है। इसी प्रक्रिया के तहत नगर निगम ने सर्वे के आधार पर 12 नए वेंडिंग जोन प्रस्तावित किए हैं।

नगर निगम ने प्रस्तावित वेंडिंग जोन की सूची अपनी वेबसाइट पर अपलोड की। इससे पहले केवल सार्वजनिक सूचना जारी की गई थी, लेकिन प्रस्तावित स्थलों की जानकारी वेबसाइट पर उपलब्ध नहीं थी। इसके बाद लोगों को सूची उपलब्ध कराई गई ताकि वे संबंधित साइटों पर अपने सुझाव और आपत्तियां दर्ज करा सकें। व्यापारियों का कहना है कि उन्हें वेंडिंग जोन बनाए जाने पर कोई आपत्ति नहीं है, लेकिन इन्हें बाजारों और घनी रिहायशी कॉलोनियों से दूर विकसित किया जाना चाहिए। उनका तर्क है कि प्रमुख बाजारों में पहले से ही पार्किंग और ट्रैफिक का भारी दबाव है। यदि वहीं वेंडिंग जोन बनाए गए तो जाम और अतिक्रमण की समस्या और बढ़ जाएगी। चंडीगढ़ व्यापार मंडल के अध्यक्ष संजीव चड्ढा ने कहा कि वेंडिंग जोन बनाने से उन्हें कोई एतराज नहीं है, लेकिन इन्हें मार्केट से दूर बनाया जाना चाहिए।

सेक्टर-22 और सेक्टर-19 जैसी मार्केट पहले से ही भीड़ और पार्किंग की समस्या से जूझ रही हैं। उन्होंने अपनी आपत्ति वेंडिंग सेल को भेज दी है। दुकानदार मलकीत सिंह ने कहा कि सड़क और फुटपाथ पर कब्जों के खिलाफ लंबी कानूनी लड़ाई के बाद अब यदि वेंडिंग जोन फिर बाजारों के पास बनाए जाएंगे तो समस्याएं और बढ़ेंगी। कई प्रस्तावित साइटों पर पुनर्विचार किया जाना चाहिए। उनका कहना है कि यदि आपत्तियों पर गंभीरता से विचार नहीं किया गया तो व्यापारी इसका विरोध करेंगे।उद्योग व्यापार मंडल ने कहा कि वह स्ट्रीट वेंडर्स के आजीविका के अधिकार और स्ट्रीट वेंडर्स एक्ट-2014 का सम्मान करता है, लेकिन नए वेंडिंग जोन बनाने से पहले मौजूदा व्यवस्था को पूरी तरह दुरुस्त किया जाना चाहिए।

प्रस्तावित 12 वेंडिंग जोन

  •     सेक्टर-20, एससीएफ-11 के साथ – 11 वेंडर
  •     सेक्टर-24, हिमाचल सराय और एससीओ-213 के बीच – 39
  •     सेक्टर-26, बापूधाम कॉलोनी, ट्रांसपोर्ट रोड के पास – 78
  •     सेक्टर-32डी, निर्माण थिएटर के पीछे मौजूदा वेंडर साइट के साथ – 5
  •     सेक्टर-37डी, एससीएफ-228 और सरकारी हाई स्कूल के पास – 26
  •     सेक्टर-41डी, बूथ नंबर 59-64 एवं 96-103 के पास – 105
  •     सेक्टर-45डी, सामुदायिक केंद्र के पास शॉपिंग एरिया – 86
  •     सेक्टर-52डी, सामुदायिक केंद्र के पास शॉपिंग एरिया – 54
  •     रामदरबार, कार बाजार पार्किंग के साथ – 175
  •     औद्योगिक क्षेत्र फेज-3, रायपुर कलां (गांव फिरनी रोड) – 248
  •     सेक्टर-13, मनीमाजरा, चिल्ड्रन पार्क के पास – 64
  •     सेक्टर-13, मनीमाजरा, कब्रिस्तान के साथ कवर किए गए नाले (82 फीट रोड से पुरानी रोपड़ रोड तक) – 82

बैठक में इन मुद्दों पर रहेगा फोकस

  •     प्राप्त सुझाव और आपत्तियों पर विचार।
  •     विवादित प्रस्तावित साइटों में बदलाव होगा या नहीं।
  •     12 प्रस्तावित वेंडिंग जोन को अंतिम मंजूरी।
  •     वेंडरों के स्थानांतरण की आगे की प्रक्रिया और समयसीमा।
Aditya
Author: Aditya

Share करें

✓ Link copy हो गया!

Leave a Comment

और पढ़ें

error: Content is protected !!