गालियों और धमकियों ने कॉलेज छात्राओं की सोच पर खड़े किए गंभीर सवाल….
सतना। कॉलेज में पढ़ने वाली एक छात्रा के साथ चार युवतियों द्वारा मारपीट किए जाने का मामला सामने आया है। आरोप है कि एक युवक से दोस्ती और रिश्ता बनाने से इंकार करने पर छात्रा को सुनसान स्थान पर ले जाकर पीटा गया। इस दौरान मोबाइल से वीडियो भी बनाया गया और बाद में उसे सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया गया।
पीड़िता के मुताबिक, 5 अगस्त को एक सहेली ने उसे सेमरिया चौराहे पर बुलाया और फिर नगर वन के सामने मैदान में ले गई। वहां पहले से तीन युवतियां मौजूद थीं। आरोप है कि दो युवतियों ने उसके साथ मारपीट शुरू कर दी, जबकि अन्य ने भी उसका साथ दिया।
पीड़िता का आरोप है कि मारपीट के दौरान उससे कहा गया कि श्रवण सेन से बात करो, वह तुम्हारा पूरा खर्च उठाएगा, लेकिन उसके इंकार करने पर उसके साथ बदसलूकी की गई। इतना ही नहीं, वीडियो कॉल के जरिए युवक से बात कराकर उससे जबरन माफी भी मंगवाई गई।
सबसे गंभीर सवाल मारपीट से कहीं आगे उस भाषा और व्यवहार को लेकर है, जो वीडियो में सुनाई दे रहा है। मारपीट के दौरान युवतियों द्वारा ऐसी गालियों और अभद्र शब्दों का इस्तेमाल किए जाने का दावा है, जिन्हें सामान्य सामाजिक और पारिवारिक माहौल में किसी के सामने बोलना भी उचित नहीं माना जाता। वीडियो में इस्तेमाल की गई आपत्तिजनक भाषा को यहां शब्दशः लिखना या सुनाना उचित नहीं है; पाठक चाहें तो वीडियो को अकेले में, सावधानीपूर्वक सुन सकते हैं।
आरोप है कि छात्रा को शिकायत करने पर वीडियो वायरल करने की धमकी भी दी गई। डर के कारण वह कई दिनों तक चुप रही, लेकिन वीडियो वायरल होने के बाद उसने परिजनों को घटना बताई।
पीड़िता के पिता की शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पूरे मामले में आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही होगी, लेकिन घटना ने यह सवाल जरूर खड़ा किया है कि शिक्षा के माहौल में पढ़ने वाली युवतियों के बीच असहमति का जवाब मारपीट, धमकी और ऐसी अभद्र भाषा से देना आखिर किस तरह की सोच को दर्शाता है?