Edition

पूर्व ACP की फर्जी प्रोफाइल से ठगी का खेल, Fake DP लगाकर लोगों को बनाया निशाना

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

लुधियाना.

पंजाब में साइबर अपराधियों के हौंसले इतने बुलंद हो चुके हैं कि अब वे आम लोगों के साथ-साथ पुलिस के पूर्व उच्चाधिकारियों की पहचान चुराकर भी ठगी का जाल बिछाने से बाज नहीं आ रहे हैं।

ताजा मामले में साइबर ठगों द्वारा पंजाब पुलिस के रिटायर्ड एसीपी (ACP) गुरदेव सिंह की तस्वीर का गलत इस्तेमाल कर फर्जी सोशल मीडिया प्रोफाइल/डीपी (DP) तैयार की गई है। इस फर्जी प्रोफाइल के जरिए ठग लोगों को अपने झांसे में लेने की कोशिश कर रहे हैं।  मामला संज्ञान में आते ही पूर्व ACP गुरदेव सिंह ने खुद अपने आधिकारिक फेसबुक पेज पर पोस्ट सांझा कर आम जनता व अपने परिचितों को सतर्क रहने की अपील की है। जानकारी के अनुसार, साइबर ठगों ने एक सुनियोजित तरीके से पूर्व एसीपी गुरदेव सिंह की आधिकारिक वर्दी या निजी तस्वीर को चुराकर अपने व्हाट्सएप/सोशल मीडिया अकाउंट की डिस्प्ले पिक्चर (DP) पर लगा लिया है।

ठग अक्सर पुलिस अधिकारियों की डीपी लगाकर लोगों को डरा-धमकाकर या किसी आपातकालीन स्थिति का हवाला देकर पैसों की मांग करते हैं। जैसे ही पूर्व ACP गुरदेव सिंह के ध्यान में यह बात आई कि कोई अज्ञात व्यक्ति उनकी तस्वीर का दुरुपयोग कर फर्जीवाड़ा कर रहा है, उन्होंने तुरंत सोशल मीडिया का सहारा लेकर लोगों को आगाह किया। पूर्व ACP गुरदेव सिंह ने अपने ऑफिशियल फेसबुक अकाउंट पर अंग्रेजी में संदेश जारी करते हुए लिखा है कि दोस्तों, कोई फर्जी व्यक्ति मेरी तस्वीर को अपनी DP पर लगाकर धोखाधड़ी कर रहा है। कृपया उसके किसी भी संदेश या कॉल पर ध्यान न दें और कोई लेन-देन न करें। वह पूरी तरह फर्जी है।

साइबर एक्सपर्ट्स की सलाह, ऐसे संदेशों पर न करें कोई लेन-देन
साइबर सेल के अधिकारियों और जानकारों का कहना है कि सोशल मीडिया पर किसी भी परिचित या बड़े अधिकारी की फोटो देखकर तुरंत भरोसा न करें।  यदि कोई व्यक्ति सोशल मीडिया या व्हाट्सएप पर किसी अधिकारी की फोटो लगाकर पैसों की मांग करता है या किसी जांच का डर दिखाता है, तो तुरंत सतर्क हो जाएं। किसी भी वित्तीय लेन-देन से पहले संबंधित व्यक्ति से सीधे फोन कॉल के जरिए बात करके सच्चाई की पुष्टि जरूर करें। ऐसी किसी भी संदिग्ध प्रोफाइल या नंबर की सूचना तुरंत साइबर क्राइम हेल्पलाइन (1930) या स्थानीय पुलिस को दें ताकि शातिर ठगों के नेटवर्क को तोड़ा जा सके।

Aditya
Author: Aditya

Share करें

✓ Link copy हो गया!

Leave a Comment

और पढ़ें

error: Content is protected !!