Edition

Telegram फिर हुआ उपलब्ध, पेपर लीक पर कार्रवाई के बाद ऐप की हुई वापसी

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

 नई दिल्ली

Telegram मैसेजिंग ऐप की वापसी चुकी है. अब ये ऐप ऐप स्टोर पर लौट चुका है. भारत सरकार ने जून महीने के दौरान ऑर्डर दिए थे, जिसके बाद इस ऐप को अस्थाई रूप से ऐप स्टोर और प्ले स्टोर से रिमूव कर दिया था। 

23 जून को ऐप की लिस्टिंग शुरू कर दी गई थी और धीरे-धीरे सभी यूजर्स के लिए उसको उपलब्ध करा दिया गया और अब ये सभी यूजर्स के लिए अवेलेबल हो गया है, हालांकि जिनको ये अभी ऐप स्टोर पर नहीं दिख रहा है, उनको जल्द ही दिखाई देगा। 

भारत सरकार ने जून महीने में सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम (IT Act) की धारा 69A के तहत Telegram ऐप को स्टोर से रिमूव करने के निर्देश दिए थे. ये नियम सरकार को राष्ट्रीय सुरक्षा, सार्वजनिक व्यवस्था और देश की संप्रभुता के हित में ऑनलाइन कंटेंट तक सार्वजनिक पहुंच रोकने का अधिकार देता है।  

NEET-UG री-एग्जाम के चलते लिया था फैसला 
अधिकारियों को आशंका थी कि NEET-UG री-एग्जाम के पेपर टेलीग्राम चैनल के जरिए लीक किए जा सकते हैं. दरअसल, NEET-UG देश की सबसे बड़ी प्रतियोगी परीक्षाओं में से एक है। 

एग्जाम के बाद हुई थी बहाली 
NEET-UG री-एग्जाम 22 जून तक पूरा होने के बाद 23 जून को सबसे पहले Google ने Play Store पर Telegram को दोबारा से रिस्टोर करने का आदेश दिया. इसके बाद Apple ने भी App Store पर ऐप को फिर से उपलब्ध करा दिया। 

टेलीग्राम ऐप क्या है? 
टेलीग्राम, असल में एक फ्री में मिलने वाला क्लाउड बेस्ड इंस्टेंट मैसेजिंग और सोशल मीडिया ऐप है. इसका इस्तेमाल मैसेज भेजने-रिसीव करने, मीडिया शेयर करने और बड़े-बड़े ग्रुप बनाने में किया जाता है. इस पर यूजर्स अपने चैनल्स भी तैयार कर सकते हैं. टेलीग्राम ऐप की शुरुआत पावेल दुरोव ने साल 2013 में की थी। 

टेलीग्राम पर लगते रहे हैं आरोप 
टेलीग्राम पर अक्सर आरोप लगते रहे हैं कि उस पर कई ऐसे ग्रुप हैं, जो हैकिंग, साइबर ठगी और लोगों को ठगने का काम करने वाले काम से जुड़े हैं. टेलीग्राम पर कई ऐसे फीचर्स हैं, जो हैकर्स और ठगों के काम आते हैं। 

Aditya
Author: Aditya

Share करें

✓ Link copy हो गया!

Leave a Comment

और पढ़ें

error: Content is protected !!