मैहर। मैहर विधानसभा क्षेत्र के घुनवारा विद्युत वितरण केंद्र अंतर्गत आने वाले बिनेका फीडर से जुड़े दर्जनों गांव वर्षों से बिजली संकट झेल रहे हैं, लेकिन उनकी समस्याओं का स्थायी समाधान आज तक नहीं हो सका। अमदरा सब स्टेशन से संचालित यह फीडर लगभग 40 किलोमीटर लंबा है, जिससे 20 से 30 गांव जुड़े हुए हैं। लंबी दूरी और जर्जर विद्युत लाइन के कारण क्षेत्र में आए दिन फाल्ट, ट्रिपिंग, लो-वोल्टेज और पोल गिरने जैसी समस्याएं आम हो गई हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि कई बार फाल्ट खोजने और सुधारने में घंटों नहीं बल्कि कई-कई दिन लग जाते हैं। ऐसे में गांव अंधेरे में डूब जाते हैं और पेयजल व्यवस्था तक प्रभावित हो जाती है। पहाड़ की तराई में बसे इस क्षेत्र में बिजली की निर्बाध आपूर्ति बेहद जरूरी है, लेकिन हालात ऐसे हैं कि लोगों को मूलभूत सुविधाओं के लिए भी संघर्ष करना पड़ रहा है।
सबसे अधिक परेशानी किसानों को उठानी पड़ रही है। सिंचाई के समय बिजली न मिलने से खेतों में पानी नहीं पहुंच पाता, जिससे फसल उत्पादन प्रभावित होता है। वहीं लो-वोल्टेज की समस्या के कारण कृषि पंप और घरेलू उपकरण भी ठीक से संचालित नहीं हो पाते।
ग्रामीणों ने बताया कि टिस्किली कला में नए विद्युत सब स्टेशन की मांग लंबे समय से की जा रही है। ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर को भी ज्ञापन सौंपा गया था, जिसके बाद विभागीय सर्वे में स्थान को उपयुक्त माना गया। कई सरपंचों और
जनप्रतिनिधियों ने भी प्रस्ताव का समर्थन किया, यहां तक कि शासकीय भूमि उपलब्ध कराने की सहमति भी दी गई।
इसके बावजूद मामला आगे नहीं बढ़ पाया। ग्रामीणों का आरोप है कि जनप्रतिनिधियों और जिम्मेदार अधिकारियों की उदासीनता के कारण वर्षों पुरानी मांग अब भी अधूरी है। लोगों का कहना है कि यदि शीघ्र टिस्किली कला में सब स्टेशन स्थापित नहीं किया गया तो क्षेत्र की विद्युत समस्या और गंभीर होती जाएगी। ग्रामीणों ने शासन-प्रशासन से तत्काल निर्णय लेकर हजारों लोगों को राहत देने की मांग की है।









