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मध्य प्रदेश के 20 जिलों में आंधी-बारिश की संभावना, ग्वालियर समेत कई इलाकों में बदलेगा मौसम

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भोपाल
मध्य प्रदेश में मौसम का मिजाज बदल रहा है. कहीं दिन के तापमान में उतार-चढ़ाव है, तो कहीं रातें सामान्य से ज्यादा गर्म बनी हुई हैं. इस दौरान मौसम विभाग ने प्रदेश के कई जिलों में हल्की बारिश, गरज-चमक और आकाशीय बिजली गिरने की चेतावनी दी है. इन जिलों में 30 से 40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं भी चल सकती हैं. वहीं ग्वालियर, चंबल, उज्जैन और इंदौर संभाग समेत कई जिलों में मौसम का असर देखने को मिल सकता है। 

दिन के तापमान में कहीं राहत, कहीं बढ़ोतरी
तापमान के आंकड़ों कों देखें तो प्रदेश के अलग-अलग संभागों में अधिकतम तापमान की स्थिति एक जैसी नहीं है. पिछले 24 घंटों के दौरान ग्वालियर, चंबल, सागर, रीवा, शहडोल और भोपाल संभागों के कुछ जिलों में अधिकतम तापमान की एनोमली-1 से +1 डिग्री सेल्सियस के बीच रही. वहीं सागर, नर्मदापुरम, इंदौर और उज्जैन संभागों के कुछ हिस्सों में यह 1 से 3 डिग्री सेल्सियस दर्ज की गई। 

इन जिलों में रात का तापमान सामान्य से ज्यादा
प्रदेश के न्यूनतम तापमान में भी उतार-चढ़ाव दर्ज किया गया है. शिवपुरी, रतलाम, उज्जैन, राजगढ़ और नर्मदापुरम जिलों में न्यूनतम तापमान की एनोमली 3 से 5 डिग्री सेल्सियस के बीच रही. यानी इन इलाकों में रात का तापमान सामान्य से अधिक दर्ज किया गया. दूसरी ओर रीवा संभाग में न्यूनतम तापमान की एनोमली -1 से +1 डिग्री सेल्सियस के बीच रही. ऐसे में प्रदेश के कुछ हिस्सों में रात के समय अपेक्षाकृत गर्मी बनी हुई है, जबकि कुछ क्षेत्रों में तापमान सामान्य के आसपास है। 

इन जिलों में बारिश और बिजली गिरने की चेतावनी
मौसम केंद्र भोपाल के अनुसार, ग्वालियर, चंबल, उज्जैन और इंदौर संभागों में मौसम बदलने की संभावना है. इसके अलावा गुना, नीमच, मंदसौर, रतलाम, शाजापुर, देवास, भोपाल, रायसेन, सीहोर, विदिशा, राजगढ़, धार, बड़वानी, खरगोन, खंडवा, बुरहानपुर, नर्मदापुरम, हरदा, बैतूल और छिंदवाड़ा में भी हल्की बारिश का अनुमान है. इसके अलावा कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ बिजली गिरने की चेतावनी जारी की गई है। 

40 किमी की रफ्तार से चल सकती हैं हवाएं
मौसम वैज्ञानिक अरुण शर्मा के अनुसार, ''बारिश के साथ कुछ इलाकों में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की आशंका है. ऐसे मौसम में खुले स्थानों पर रहना जोखिम भरा हो सकता है. खासकर आकाशीय बिजली चमकने के दौरान पेड़ों, बिजली के खंभों और खुले मैदानों से दूर रहना जरूरी है.'' शर्मा के अनुसार, ''मौसम में बदलाव को देखते हुए लोगों को सावधानी बरतने की जरूरत है. किसानों को भी मौसम की स्थिति पर नजर रखते हुए खेतों में काम करने की योजना बनानी चाहिए. बारिश और तेज हवाओं के दौरान पेड़ों के नीचे खड़े होने से बचना चाहिए। 

Aditya
Author: Aditya

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